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सेक्स रोगियों; ध्यान दें (धन नहीं है, तो क्या करें)

सेक्स समस्याओं का मुफ्त देशी इलाज

हम अपने सभी मित्रों से अनुरोध करते हैं कि हमारे इस पोस्ट को जहां तक हो सके फैलाएं;ताकि जन कल्याण हो सकेऔर अनेक स्त्री-पुरुष जो सेक्स रोग, लिंग विकार, योनिविकार, ग्राभाय्स विकार से पीड़ित होकर जाने कहाँ – कहाँ घूम कर अपना स्वास्थ्य और जीवन नष्ट कर रहे है; वे अपने आस-पास के जाने – पहचाने वृक्षों, घास फूसों , मसाले में प्रयोग  होने अली वस्तुओं, खाने-पीने में प्रयुक्त होने वाली वस्तुओं से अपनी समस्याओं का 100% गारंटी शुदा निदान कर सकें। हमारे पास अनेक लोग निराश से सम्पर्क  कर रहे है और मुझे भारी पीड़ा हो रही है कि परमात्मा ने तो हमे सब कुछ दिया था; पर हमारे पास ही हमारी जीवन रक्षक दवाएं खड़ी है औउ यंत्रणा से इधर-उधर भटक रहे है।

धर्मालय द्वारा रोग चिकित्सा के जितने सूत्र चढ़ाये गये है; वह कोई दूकानदारी नहीं है। हम कोई दवा नहीं बनाते, न हमारा कोई प्रोडक्शन यूनिट है। हमने प्राचीन चिकित्सा पद्धति के अत्यंत साधारण और जानी-पहचानी जड़ी-बूटियों के परीक्षित योगों को अपनी वेबसाइट पर इसलिए चढ़ाया है कि सामान्य लोग अपने ही घर पर ही दवा तैयार कर अपनी प्राण रक्षा कर सकें। यह आयुर्वेद की देशी-चिकित्सा है , जो इस देश के घर-घर में कभी प्रयुक्त की जाती थी। कम्पनी मेड पेटेंट दवाओं पर आधारित चिकित्सा पद्धति में यह चिकित्सा पद्धति अतीत के अँधेरे में डूब गयी है। आज के ‘लाइलाज रोग’ का मतलब यह है कि किसी कम्पनी ने इसकी दवा इजाद नहीं की है; पर आज कोई इन नुस्खों को नहीं अपनाता; क्योंकि देशी वैद्य नामक प्राणी अब नहीं पाया जाता। आयुर्वेदिक डॉक्टर भी इन नुस्खों को नहीं अपनाता; क्योंकि पेटेंट दवाओं में प्रिस्क्रिपसन पर उसे गिफ्ट, कमीशन मिलता है , इसमें क्या मिलेगा? और वे जानते भी नहीं; क्योंकि यह कहीं पढाया नहीं जाता। आश्चर्य है कि ब्रिटिश कालीन ब्रिटिश मेडिको फार्मा का गजट इनके रिसर्च से भरा पड़ा है।

धर्मालय पर चढ़े नुस्खे तांत्रिक एवं आयुर्वेदिक है; पर ये देशी है और सार्वजनिक प्रयोग में रहे हैं। वास्तविक तांत्रिक एवं आयुर्वेदिक चिकित्सा का स्वरुप इतना बड़ा वट वृक्ष है, जिसकी विशालता का वर्णन करना भी संभव नहीं है। तीन दर्जन तो चिकित्सा विधिया है और लाखों नुस्खे। कुछ तो ऐसे , जिनमें दावा किया गया है कि वली-पलित रोग नष्ट होगा और आयु 300 वर्ष होगी। वली-पलित का अर्थ बुढ़ापा है।

लेकिन में देख रहा हूँ कि जो दवाएं लिस्ट देने पर जड़ी-बूटी का दूकानदार दे देगा; उसको कूटने-पीसने का झंझट भी बहुत लोग नहीं उठाना चाहते। वे हमसे संपर्क करते है; कहीं से बनवा दीजिये। समय माँगा, मजदूर 500 मांगता है, वैद्य तोरहे नहीं; जो इनके देशी जानकार है; वे पूरा कमर्शियल चार्ज करते है और जो दवा घर पर 2 हजार में बन सकती है; उसकी कीमत 6 हजार हो जाती है।

ऐसे बहुत से लोग दयनीय होकर पूछते हैं कि धन न हो , तो क्या करें?

धन न होगा, तो भी रोग मुक्ति होगी। समय अधिक लगेगा। आप अपना इलाज आस –पास से कर सकते है। इन विवरणों को देखें।


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  2. पति-पत्नी: दाम्पत्य एवं सेक्स समस्याएं

इन्हें पहचानिए। ये आपके प्राण रक्षक है।

स्वप्न दोष है? जरा इन पर नजर डालिए

महीने में दो बार स्वप्नदोष में धातु गिरना कोई बिमारी नहीं है। नहाते समय मूत्र का वेग उठना कोई बिमारी नहीं है। हफ्ते में दो बार हो, तो रोग है और बार-बार मूत्राशय  भरता हो, तो रोग है।

इसके कई रूप है। नींद में सेक्सी स्वप्न देखना और धातु पतन, जाग्रत में भी सुंदर स्त्री को देखकर पतन, लगातार पेशाब में या बिना पेशाब के धातु पतन।

सबका कारण एक ही है। अत्यधिक गर्म पदर्थों  का सेवन और अप्राकृतिक मैथुन। इसमें बाद के दोनों रूप पहले से दूसरा, दुसरे से तीसरा अधिक खतरनाक है।

निदान:-

  1. पांच गुलाब प्रतिदिन मिश्री के साथ खाकर ऊपर से गाय का दूध पिए।
  2. प्रतिदिन भोजन के बाद एक पका केला खाकर दूध पीये। दूध न हो , तो पानी कदापि न पिए। एक घंटा बाद पानी पीये।
  3. इमली के बीज 300 ग्राम दूध में डालकर छोड़ दें; जब वह छिलके छोड़ दे ( इसमें 48 से 72 घंटे तक लग सकते है। दूध सूखे तो और डाल दें) फट-फट जाए, तो छिलके निकाल कर लोहे के खरल में कूट कर घोटे। पीस जाने पर उसके वजन के बराबर मिश्री डालकर घोंटे। जितना घुटेगा दवा शक्तिशाली होगी। 5-5 ग्राम की गोलियां बनाकर सवेरे-शाम दूध के साथ लें। (दूध 100 ml हो तो भी काम चल जाएगा।)
  4. 10 ग्राम बबूल का नरम पत्ता पीसकर पानी में घोलकर छानकर मिश्री मिलाकर पी जाये। शीशम का पत्ता, कैथ का पत्ता, अपामार्ग का भस्म , प्रशस्त्र है। इनेमिन कोई भी प्रयुक्त करें।
  5. आँवले का चूर्ण 6 ग्राम, चावलों की माड़ में चीनी मिलाकर, खाकर पीयें।

 

विशेष –

  1. कृपया ध्यान रखें, कब्ज न हो। कब्ज हो, तो छोटी हर्रे 50 ग्राम ,सौंफ देशी – 30 ग्राम , मिश्री 30 ग्राम अलग-अलग कूटकर मिलकर घोंटे और रख लें। इसकी मात्रा 10 ग्राम गरम दूध या पानी के साथ है। सुबह शाम लें।
  2. बाहर थला करें। सूर्योदय से पहले उठे।
  3. तेल, मिर्च, खटाई, कब्ज करने वाले , तले भुने, फ़ास्ट फ़ूड , शराब आदि, गर्म पदार्थ खाना, प्याज-लहसुन , मांस- मछली भी इन दिनों न खाएं। पेशा बन रोके, ठन्डे पानी से लिंग को न धोये।
  4. बहुत सोना, बहुत जागना, चिंता करना भी वर्जित है। प्रसन्न रहें। हमारी गारंटी है कि तेन महीने में आप नार्मल हो जाएंगे। इसके बाद धातु बढायें और पौरुष बढायें । इसमें भी वह बढेगा।
  5. इनमें से एक-दो ही अपनाएं। सभी नहीं।

 

लिंग एवं योनी विकार

क्रमशः

कनेर की जड़, धतूरे की जड़, आक की जड़, अपामार्ग की जड़, लहसुन, हरताल, सुहागा,  फिटकरी, हिंग, एरंड की जड़, बरगद की जटा, जायफल, लौंग, जावित्री, पीपर – 25-25 ग्राम लेकर; जायफल, जावित्री , पीपर, सुहागा , हिंग – हटाकर सबको पीसकर एक पाँव सरसों का तेल डालें । 2 लीटर बकरे या गाय का मूत्र डालकर या पानी डालकर 100 डिग्री सेंटीग्रेट पर उबालें। जब सब कुछ जल जाए, तो इस तेल को ठंडा करके छानकर में अलग निकाले गये जायफल आदि पञ्च चीजों का चूर्ण बनाकर मिला दें और बोतल में बंद कर दें।

लिंग या योनी को रेजर से साफ़ करके उसपर यह तेल लगायें एयर पान या एरंड का पत्ता लपेट कर दो घंटा रहने दें। सुबह शाम करें। ध्यान रहे हवा से बचाना होगा। पत्ते पर कपडा लपेटे।

केवल 21 दिन में नसों की विकार , ढीलापन नष्ट हो जाएगा और उसके समस्त विकार मिट जायेंगे। वह कड़ा और स्थूल हो जाएगा।

एक तेल हमारे एक मित्र भी बनाते है। यह तेल मंगवा कर भी लगा सकते है। यह लिंग वृद्धि भी करता है।

कुछ न हो तो काला तिल और दालचीनी को बराबर मात्रा में पीसकर शहद के साथ उपर्युक्त प्रकार से मालिश करके लेप करें।

 

लिंग की वृद्धि योनी का संकोचन

  1. लौंग, अनार के छिलके, जायफल, माजूफल इनको पीसकर योनी में मालिश करके लेप करने से योनी संकुचित और लिंग वर्द्धित होता है। 41 दिन
  2. केवल जायफल भैंस के दूध में पीसकर लेपकरके पान का पत्ता बांधकर रात भर छोड़ने और प्रातः काल गरम पानी से धों पर भी 41 दिन में रिजल्ट सामने होता है।

 

स्तम्भन का चमत्कारिक योग

धातु पुष्ट और पर्याप्त नहीं है, तो स्तम्भन का कोई अर्थ नहीं है-

  1. हिंग को शहद में पीसकर लिंग पर लेप करें और आधा घंटा बाद पोंछकर रति करें।( कोई भी लेप सुपारी छोड़कर की जाती है।)
  2. इसके साथ जिमीकंद (ओल) में तुलसी की जड़ बराबर पीसकर मिलाएं 5 ग्राम, 5 ग्राम पान का रस या दो तीन पत्ता में लपेटकर  दबाकर रस घोंटे। फिर खा जाएँ।
  3. स्त्री के बालों को जलाकर उसके राख में सुहागा पीसकर मिलाकर शहद लगाकर लेप करने आधा घंटा बाद पोंछकर रति करने से स्त्री हारती है।
  4. दालचीनी 25 ग्राम , काला तिल 25 ग्राम , धोयी भांग 25 ग्राम, जायफल 25 ग्राम , लौंग 25 ग्राम और गुलाब की पत्ती 50 ग्राम – पीस कूटकर छानकर रखें। 5 ग्राम आधे घंटे पहले दूध के साथ।

धातु पुष्टकर नुस्खें

  1. गर्मी है, तो शीशम, कैथ, आम, के पत्तों में से किसी को पीसकर 30 ग्राम लुगदी 300 ग्राम पानी में घोले-छानकर मिर्श्री मिलाकर शर्बत पियें। सुबह-शाम।
  2. सर्दी है, तो प्याज का रस 6 ग्राम , शहद, 10 ग्राम जायफल का चूर्ण एक चुटकी डालकर चाटें और दूध पियें।
  3. वायु है , तो एरंड की जड़ का काढ़ा साथ में 1 नम्बर नुस्खा प्रयोग करें।
  4. मांसाहारी एक अंडा, 10 ग्राम चीनी, 20 ग्राम घी को एक साथ गर्म करेक खाएं, ऊपर से दूध पियें।

 

सम्पर्क करें – 08090147878

 

29 thoughts on “सेक्स रोगियों; ध्यान दें (धन नहीं है, तो क्या करें)

  1. SIR,
    MAI SEX KARTA HU TO BAHUT JALDI DISHCHARGE HO JATA HU. PLZ MUJE BAHUT HI ACCHI DAWA OUR LING PAR KOI TAIL LAGANE KE LIYE MUJE BATAYE OUR APNA CONT. NO. BHI DE. THANKS

    • स्त्री के बालों को जलाकर उसके राख में सुहागा पीसकर मिलाकर शहद लगाकर लेप करने आधा घंटा बाद पोंछकर रति करने से स्त्री हारती है।

      इसमें जो स्त्री के बाल हैं वो कौन से है। सर के बाल ?? व् रति करने से कया तातपर्य है।। कृपया उत्तर बताये।। राहुल।।

      • Sir namaskar mere hastmuthan ki aadat se Ab bilkul virye nahi rukata jab kisi achi stri ko dekhta hu tho virye nikle jata hai jab kisi ke pass sawaaash ke liye jata hui tho soch karye virye nikle jata hai or Ab may 5mahine me mere shaadi hone wali hai please maharbani hogi

          1. ईमेल पर पूरी बात लिखे ं कितने दिन से ? उम्र क्या है .शौच,मूत्र की स्थिति क्या है ? भूख लगती है या नहीं .बदन ददॆ आदि

          2. Sir ji hastmuthan ki wagh se Ab Viry nahi rukata 1 second ka bhi power nahi hai or ling bhi bahut chota hai please dawai bhej 6 mahine se jayada pareshani ho Rehi he 4 saal Se hastmuthan kartha hu Ab mere shadi hone wali he may 5 mahine me mere umar 24 years or soch or mutr sahi aataha he bhuk bhuat jayada lagti he badan me dard nahi rahta hai

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