वशीकरण विद्या सिद्धि

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यंत्र पूजा और सिद्धि ===लाल कनेर के फूल ,मालती के फूल , चमेली के फूल , कमल के फूल ,वकुल के फूल ,लॉन्ग ,अनार के फूल .===,इनमें से कोई पञ्च का रस और लाल रंग —-इनसे त्रिकोण के मध्य विन्दु .उसके उपर वृत्त , उस पर अष्टदल ,फिर ऊपर नीचे दो द्वार वाला चतुरस्त्र बनायें . फिर तीन तीन बार करके निम्न लिखित क्रम में पूजा करें ————

१ –चतुरस्त्र की दसो दिशाओं में —-नीचे मध्य [पूर्व] से बायीं ओर के क्रम में —मदाविला ,मंगला ,मन्मथार्ता ,मनस्विनी ,मोहा ,आमोदा ,मान -मयी ,माया ,मंदा ,मनोवती  इन दस की पूजा करनी चाहिए .

२ –नित्या , निरंजना ,क्लिन्ना ,क्लेदनी ,मदनातुरा ,मदद्रवा ,द्रविनी ,विधाना —-इन आठ की पूजा दलों में करें .

३ —क्षोभिनी .मोहिंनी ,लीला –इन तीन की पूजा त्रिकोण में करें ..

सारी  पूजा नीचे मध्य से शु रु होती है .

जप मन्त्र —ह्रीं नित्य क्लिन्ने मद द्रवे स्वाहा

यंत्र पूजन मन्त्र —उपर के मन्त्र के साथ   ह्रीं श्रीं [नाम ]पादुका पूजयामि   लगा कर तीन तीन वार सभी देवियों की पूजा करें .

यंत्र सिद्धि –पूजा के बाद मूल मन्त्र से २१०० मन्त्र से सिद्धि करें ,मन्त्र प्रति दिन में बाँट कर करें यह एक दिन में नहीं होता है .

इस यंत्र पर जप सिद्धि की जाती है .विस्तार के कारण इसे क्रमांक  २ में दिया जा रहा है

यंत्र सिद्धि उत्तर मुख हो कर लाल आसन पर रात के ९ बजे के बाद करनी चाहिए .

[  वशीकरण मन्त्र सिद्धि देखें क्रमांक     २  में ]

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6 Comments on “वशीकरण विद्या सिद्धि”

    1. एक ब्रह्मास्त्र यंत्र होता है ,जिस पर शत्रु उन्मूलन की क्रिया की जाती है .दूसरा एक शास्त्र होता है, जिसमें नाविक के केंद्र में बैठे ब्रह्म की शक्ति का प्रयोग होता है .यह एक टेक्निकल स्ताच्चार है और बहुत खतरनाक है .आधुनिक युग में इसी शक्ति का प्रयोग परमाणु बम में किया जाता है ,पर ब्रह्मास्त्र इससे भी भयानक है .सुदर्शन चक्र भी इसी प्रकार का शास्त्र है .

      1. ok,but ise sidh kaise kiya jaye kya aap kara sakte hai.
        kitna time or money dono bataye.aur mai kar sakta hu a nahi.

        1. पहले किसी निश्चय पर पहुँचो.फिर आगे की बात करो .सामान्यतया किसी सिद्धि में दो घंटा पर डे क लगाने पर और नियमों का पालन करने पर दो साल लगता है .यदि आप बिल्कुल नये है ,तो पहले गम्भीरता से दो तीन बार धमाॆलय को पूरा पढ़े,फिर आगे बढ़ें यह आसान रास्ता नहीं है .लोग इसे तकनीकी ग्यान समझ कर टूट पड़ते है ,पर यह पहले मानसिक है ,फिर तकनीकी का महत्व है ,मुँह मे मंत्र और मन में सिद्धि से प्राप्त उपलब्धियों का लालच ,तो किसी दैवी शक्ति को ठगा नहीं जा सकता .

          1. ३५०० रु जमा करवा कर यंत्र और पूरी विधि म्दिटेल में प्राप्त कर सकतें हैं .पढने के बाद संका समाधान भी कर सकते हैं

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